मुबारक साल गिरह
तबस्सुम फ़ातिमा हाशमी का जन्म 4 नवम्बर 1970 को हुआ,उन्होंने कई तमिल,तेलुगू, मलयालम, बंगला भाषा एवं साथ ही एक अमरीकी फिल्म में भी काम किया है,लेकिन मुख्यत उन्होंने हिंदी फिल्मों में ही अभिनय किया है। उन्हें दो बार सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का राष्ट्रीय फिल्म अवॉर्ड मिल चुका है एवं उन्हें सबसे ज्यादा बार सर्वश्रेष्ठ महिला कलाकार की श्रेणी में फिल्मफेयर का समीक्षक अवॉर्ड चार बार, जीतने का रिकॉर्ड भी हासिल हैं ।
तब्बू हैदराबाद में पैदा हुई जो जमाल हाशमी व रिज़वाना की पुत्री हैं उनके जन्म के तुरंत बाद ही उनके माता-पिता का तलाक हो गया । उनकी मां अध्यापिका थीं एवं उनके नाना नानी, जो स्कूल चलाते थे,सेवा-निवृत्त प्राध्यापक थे । उनके नाना, मोहम्मद एहसान, अंकगणित के प्राध्यापक थे और नानी अंग्रेजी साहित्य की प्राध्यापिका थीं । उन्होंने अपनी पढ़ाई हैदराबाद के सेंट एन्स हाई स्कूल में की 1983 में तब्बू मुंबई चली गयी एवं उन्होनें दो वर्षों तक वहां के सेंट ज़ेवियर्स कॉलेज में पढ़ाई की। वे शबाना आज़मी की भतीजी एवं अभिनेत्री फरहा नाज़ की छोटी बहन हैं उनके घर मुंबई एवं हैदराबाद दोनों जगहों पर हैं ।
तबस्सुम फ़ातिमा हाशमी ने अपने करियर की शुरुआत पंद्रह साल की उम्र में हम नौजवान 1985 से की इस फिल्म में उन्होंने देव आनंद की बेटी का किरदार निभाया था।अभिनेत्री के रूप में उनकी पहली भूमिका तेलुगू फिल्म, कुली नंबर 1 में थी 1987 में। बोनी कपूर ने अपनी दो बड़ी फिल्मों, रूप की रानी चोरों का राजा एवं प्रेम,की शुरुआत की प्रेम में तब्बू को संजय कपूर के साथ लिया गया यह फिल्म आठ साल में बनकर तैयार हुई । तब्बू ने एक बार मज़ाक में कहा ‘मुझे इस दशक का, सबसे ज्यादा इंतज़ार करने वाली नयी अभिनेत्री का अवॉर्ड मिलना चाहिए । ’मुख्य किरदार के रूप में हिंदी में उनकी पहली रिलीज़ हुई फिल्म थी पहला पहला प्यार, जो लोगों का ज़रा भी ध्यान आर्कषित नहीं कर पाई । विजयपथ 1994 में अजय देवगन के साथ उनकी भूमिका के बाद वे प्रतिष्ठित हुईं।इस फिल्म के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ महिला नवागंतुक अवॉर्ड हासिल हुआ। इसके बाद भी उनकी कई फिल्में आयीं,जो बॉक्स ऑफिस पर कोई कमाल नहीं दिखा पायीं। 1996 में, तब्बू की आठ फिल्में रिलीज़ हुईं इनमें से दो फिल्में, साजन चले ससुराल एवं जीत काफी सफल रहीं दोनों ने ही उस साल की टॉप पांच फिल्मों में जगह बना ली । उनकी अन्य महत्वपूर्ण फिल्म माचिस फिल्म समीक्षकों द्वारा काफी सराही गयी थी इस फिल्म में, सिक्ख आतंकवाद के उदय के समय पकड़ी जाने वाली पंजाबी महिला की उनकी भूमिका को बहुत सराहना मिली एवं उन्हें सर्वश्रष्ठ अभिनेत्री का अपना पहला राष्ट्रीय फिल्म अवॉर्ड मिला।
तब्बू एशियाई फिल्म एवं टेलीविज़न अकादमी के अंतर्राष्ट्रीय क्लब, नोयडा की आजीवन सदस्य हैं। 1998 में, हम साथ साथ हैं की शूटिंग के दौरान उनपर अपने सह-कलाकारों सलमान खान, सैफ अली खान, सोनाली बेंद्रे एवं नीलम के साथ कांकणी में दो काले हिरण के शिकार का आरोप लगा था। ये आरोप जल्दी ही हटा लिए गए एवं तब्बू को इन आरोपों से बरी कर दिया गया।
बॉलीवुड के लिए भले ही 2022 कुछ खास साबित नहीं हुआ है मगर तब्बू की इस साल रिलीज हुई फिल्म ‘भूल भुलैया 2’ सुपरहिट साबित हुई। इस फिल्म में कार्तिक आर्यन और कियारा आडवाणी लीड रोल में थीं। तब्बू ने ‘अस्तित्व’, ‘मकबूल’ जैसी फिल्मों से साबित किया है कि किरदार कोई भी हो वो सभी में अपने शानदार अभिनय से जान फूंक देती हैं। यही कारण है कि 52 की उम्र में भी तब्बू के पास फिल्मों की कमी नहीं है। तब्बू जल्द ही फिल्म ‘कुत्ते’, ‘खुफिया’ और ‘भोला’ में नजर आने वालीं हैं। तब्बू की ‘दृश्यम 2’ 18 नवम्बर को रिलीज हो रही है। अजय देवगन, श्रिया सरन, इशिता दत्ता और तब्बू के साथ इस बार अक्षय खन्ना फिल्म में इनवेस्टिगेशन ऑफिसर का किरदार निभाते दिखाई देंगे।एजेन्सी।