‘इस्मत आपा’
स्मृति शेष। उर्दू की महान ले स्मृति शेष। उर्दू की महान लेखिका और पद्मश्री से सम्मानित इस्मत चुग़ताई का जन्म 21…
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स्मृति शेष। उर्दू की महान ले स्मृति शेष। उर्दू की महान लेखिका और पद्मश्री से सम्मानित इस्मत चुग़ताई का जन्म 21…
जयंती पर विशेष – गौरा पंत ‘शिवानी’ हिन्दी की सुप्रसिद्ध उपन्यासकार थीं। हिंदी साहित्य जगत में शिवानी ऐसी शख्सियत रहीं…
सूर्यकान्त त्रिपाठी ‘निराला’ हिन्दी कविता के छायावादी युग के चार प्रमुख स्तंभों में हैं। वे जयशंकर प्रसाद, सुमित्रानंदन पंत और…
कामिनी राय प्रमुख बंगाली कवि, सामाजिक कार्यकर्ता और नारीवादी महिला थीं। वे ब्रिटिश भारत में स्नातक करने वाली पहली महिला…
जंयती पर विशेष आर. के. नारायण का मूल नाम रासीपुरम कृष्णास्वामी नारायणस्वामी है। आर. के. नारायण का जन्म 10 अक्टूबर,…
18वीं सदी के उत्तराद्रर्ध तक तोता-मैना व शीत-बसंत जैसे कथानकों को अपदस्थ कर बाबू देवकीनंदन खत्री के हंगामी तिलस्मी उपन्यास…
कामिनी राय प्रमुख बंगाली कवि, सामाजिक कार्यकर्ता और नारीवादी महिला थीं। वे ब्रिटिश भारत में स्नातक करने वाली पहली महिला…
जयंती पर विशेष- रामधारी सिंह दिनकर हिन्दी के प्रमुख लेखक. कवि, निबंधकार थे, राष्ट्र कवि दिनकर आधुनिक युग के श्रेष्ठ वीर…
जयंती पर विशेष शरतचन्द्र चट्टोपाध्याय बांग्ला के सुप्रसिद्ध उपन्यासकार थे। उनका जन्म हुगली जिले के देवानंदपुर में हुआ। वे अपने…
पुण्य तिथि पर विशेष-चन्द्रधर शर्मा ‘गुलेरी’ हिन्दी साहित्य के प्रख्यात साहित्यकार थे। हिमाचल प्रदेश के गुलेर गाँव के वासी ज्योतिर्विद…