हजार चौरासी की माँ’
महाश्वेता देवी का नाम ध्यान में आते ही उनकी कई-कई छवियां आंखों के सामने प्रकट हो जाती हैं। उन्होंने मेहनत…
भीड़ से जुदा
महाश्वेता देवी का नाम ध्यान में आते ही उनकी कई-कई छवियां आंखों के सामने प्रकट हो जाती हैं। उन्होंने मेहनत…
28 जुलाई, 1926 को तत्कालीन बनारस जिले के जीयनपुर गांव में नामवर सिंह का जन्म हुआ था। नामवर सिंह ने…
जॉर्ज बर्नार्ड शॉ- नाटककार, आलोचक, नीतिशास्त्री और राजनीतिक कार्यकर्ता थे। पश्चिमी रंगमंच, संस्कृति और राजनीति पर उनका प्रभाव 1880 के…
एजेंसी। नाज़िश प्रतापगढ़ी उर्दू के सुप्रसिद्द शायर थे। भारत भूमि से नाज़िश को विशेष लगाव था। देश के बंटवारे के…
आशापूर्णा देवी को भारत सरकार द्वारा ज्ञानपीठ पुरस्कार और पद्मश्री से सम्मानित किया गया, डी.लिट. जबलपुर, रवीन्द्र भारती , बर्दवान…
स्मृति शेष स्वप्निल संसार। भीष्म साहनी प्रसिद्ध लेखक थे। उन्हें हिन्दी साहित्य में प्रेमचंद की परंपरा का अग्रणी लेखक माना जाता…
भोजपुरी के शेक्सपीयर कहे जाने वाले भिखारी ठाकुर का जन्म 18 दिसंबर 1887 को छपरा के कुतुबपुर दियारा गांव में…
जयन्ती पर विशेष। चन्द्रधर शर्मा ‘गुलेरी’ हिन्दी साहित्य के प्रख्यात साहित्यकार थे। तब पंजाब अब हिमाचल प्रदेश के गुलेर गाँव…
नागार्जुन प्रगतिवादी विचारधारा के लेखक और कवि थे। नागार्जुन ने 1945 के आसपास साहित्य सेवा के क्षेत्र में क़दम रखा।…
हिन्दी के प्रथम तिलिस्मी लेखक बाबू देवकी नन्दन खत्री को हिंदी का पहला मौलिक उपन्यासकार होने का गौरव प्राप्त है।…